लोकल न्यूज ऑफ इंडिया
अदिति जैन
सऊदी अरब में मक्का के पास एक ड्रोन देखे जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। सऊदी अधिकारियों के मुताबिक, ड्रोन प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र की ओर बढ़ रहा था, जिसके बाद सऊदी एयर डिफेंस ने कार्रवाई करते हुए उसे हवा में ही इंटरसेप्ट कर नष्ट कर दिया।
सऊदी अरब की ओर से दावा किया गया कि ड्रोन हूती विद्रोहियों से जुड़ा हुआ था। अधिकारियों के अनुसार, ड्रोन को मक्का के प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने से पहले ही मार गिराया गया। इस कार्रवाई के बाद मक्का और आसपास के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता और बढ़ा दी गई।
मक्का के पास ड्रोन से बढ़ी चिंता
मक्का मुस्लिमों के लिए सबसे पवित्र धार्मिक स्थलों में से एक है। ऐसे में मक्का के आसपास किसी ड्रोन के दिखाई देने की घटना को सुरक्षा के लिहाज से बेहद संवेदनशील माना जा रहा है। घटना की जानकारी सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे मामले पर नजर रखी और हवाई सुरक्षा व्यवस्था को सक्रिय किया।
सऊदी अधिकारियों के मुताबिक, एयर डिफेंस सिस्टम ने ड्रोन की पहचान की और उसे निर्धारित कार्रवाई के तहत नष्ट कर दिया। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस घटना में किसी बड़े नुकसान या जनहानि की सूचना नहीं है।
हूतियों पर सऊदी का आरोप
सऊदी अरब ने ड्रोन को हूती विद्रोहियों से जोड़ते हुए कहा है कि संवेदनशील इलाकों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा। सऊदी पक्ष की ओर से यह भी संकेत दिया गया है कि देश की हवाई सीमा और महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों की सुरक्षा के लिए सुरक्षा बल पूरी तरह सतर्क हैं।
हालांकि, ड्रोन को लेकर हूती पक्ष की ओर से अलग दावे किए गए हैं। मक्का को सीधे निशाना बनाए जाने के आरोप से इनकार किया गया है। ऐसे में ड्रोन के वास्तविक उद्देश्य और उसके लॉन्च किए जाने से जुड़े दावों को लेकर स्थिति पर नजर बनी हुई है।
पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
यमन में हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब के बीच लंबे समय से तनाव रहा है। इस दौरान सऊदी अरब की ओर ड्रोन और मिसाइल हमलों के आरोप लगते रहे हैं। सऊदी अरब ने कई मौकों पर अपनी एयर डिफेंस प्रणाली के जरिए ऐसे हवाई खतरों को रोकने का दावा किया है।
मक्का और मदीना जैसे धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्रों की सुरक्षा सऊदी अरब के लिए विशेष प्राथमिकता है। यही वजह है कि मक्का के आसपास किसी भी संदिग्ध ड्रोन गतिविधि को बेहद गंभीरता से लिया जाता है।
सुरक्षा व्यवस्था पर बढ़ा फोकस
इस घटना के बाद सऊदी सुरक्षा एजेंसियां हवाई निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर और सतर्क हो गई हैं। अधिकारियों की ओर से कहा गया है कि संवेदनशील क्षेत्रों में किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि ड्रोन का वास्तविक लक्ष्य क्या था और वह किस दिशा से मक्का के पास पहुंचा। सऊदी अधिकारियों के दावे और हूती पक्ष के बयान के बीच इस घटना को लेकर आने वाली आधिकारिक जानकारी पर नजर बनी हुई है।
सऊदी अरब ने साफ किया है कि देश की सुरक्षा और विशेष रूप से संवेदनशील धार्मिक स्थलों की सुरक्षा में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी।