लिसिका ग्रोवर
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
West Bengal की राजनीति में नौकरी विवाद को लेकर एक बार फिर माहौल गर्म हो गया है।
नेता प्रतिपक्ष Suvendu Adhikari ने मुख्यमंत्री Mamata Banerjee पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि राज्य सरकार योग्य अभ्यर्थियों को नौकरी देने में विफल रही है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जारी अपने बयान में उन्होंने कहा कि योग्य उम्मीदवारों से नौकरियां छीनी गईं और राजनीतिक छवि बचाने के लिए झूठे आश्वासन दिए गए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जिन लोगों ने कथित तौर पर सरकार को विवाद से बाहर निकालने के लिए “पटकथा” लिखी, उन्हें अब नौकरी देकर पुरस्कृत किया जा रहा है।
शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य की जनता समझ चुकी है कि सरकार की प्राथमिकता रोजगार देना नहीं, बल्कि नौकरी को सौदे का माध्यम बनाना है।
राज्य में शिक्षक भर्ती और अन्य नियुक्तियों को लेकर पहले से ही विवाद जारी है, ऐसे में इस बयान के बाद सियासी माहौल और गरमा गया है।
इस बीच, तृणमूल कांग्रेस के राजनीतिक सलाहकार के रूप में काम करने वाली संस्था I-PAC द्वारा कर्मचारियों को छुट्टी दिए जाने का मामला भी चर्चा में है।
हाल ही में तारकेश्वर की एक जनसभा में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा था कि यदि I-PAC अपने कर्मचारियों को काम पर नहीं रखती है, तो राज्य सरकार उनके लिए रोजगार की व्यवस्था करेगी।
इसी बयान को लेकर शुभेंदु अधिकारी ने सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि जिन लोगों पर नौकरी घोटाले की “पटकथा” लिखने का आरोप है, उन्हें ही नौकरी देने की बात की जा रही है।
फिलहाल, इस पूरे विवाद पर तृणमूल कांग्रेस की आधिकारिक प्रतिक्रिया आना बाकी है।