लिसिका ग्रोवर
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
नेपाल की कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीएन-यूएमएल) से जुड़े युवा सदस्यों ने गुरुवार को ललितपुर के च्यासल स्थित पार्टी के केंद्रीय कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कार्यालय का घेराव करते हुए पार्टी नेतृत्व में बदलाव की मांग को लेकर धरना दिया।
यह विरोध प्रदर्शन एक दिन पहले हुए प्रदर्शनों की कड़ी में हुआ है, जब युवाओं ने महासचिव शंकर पोखरेल का पुतला फूंका था और पार्टी के खिलाफ नारेबाजी की थी।
प्रदर्शन कर रहे युवाओं का कहना है कि सितंबर 2025 के ‘जेन जी आंदोलन’ और 5 मार्च को हुए चुनाव के बाद भी पार्टी नेतृत्व में बदलाव नहीं किया गया, जिससे वे असंतुष्ट हैं। उनका आरोप है कि पार्टी का शीर्ष नेतृत्व बदलते राजनीतिक हालात के अनुसार खुद को ढालने में नाकाम रहा है।
युवाओं ने हाल ही में संसदीय दल के नेता के चयन पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली की पीढ़ी के वरिष्ठ नेता राम बहादुर थापा को जबरन इस पद पर नियुक्त किया गया।
इसके साथ ही प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि युवा नेता सुहांग नेमबांग के साथ अन्याय किया गया और उन्हें नेतृत्व पद के लिए चुनाव लड़ने से रोका गया। इसी मुद्दे को लेकर बुधवार रात काठमांडू में भी विरोध प्रदर्शन हुआ था।
प्रदर्शनकारियों ने पार्टी नेतृत्व से निर्णयों की समीक्षा करने और युवाओं को आगे बढ़ने के अधिक अवसर देने की मांग की है।