लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
ऋचा बर्नवाल
नई दिल्ली: भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून ने फिर से रफ्तार पकड़ ली है। INSAT-3DS उपग्रह से प्राप्त तस्वीरों में बंगाल की उत्तरी खाड़ी से लेकर जम्मू-कश्मीर तक लगभग 1,500 किलोमीटर लंबी मानसूनी वर्षा पट्टी स्पष्ट दिखाई दी है। यह विशाल बादलों की श्रृंखला मानसून ट्रफ के सक्रिय होने का संकेत है, जिससे उत्तर और पूर्वी भारत में आने वाले दिनों में व्यापक बारिश की संभावना बढ़ गई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मानसून ट्रफ फिलहाल हिमालय की तलहटी के पास स्थित है और धीरे-धीरे अपनी सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रही है। इसके दक्षिण की ओर खिसकने के साथ दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में गरज-चमक के साथ अच्छी बारिश हो सकती है। यह प्रणाली अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से नमी लेकर पूरे उत्तर भारत में मानसूनी गतिविधियों को मजबूत करेगी।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह उपग्रह चित्र केवल मौसम का दृश्य नहीं, बल्कि मानसून के पुनर्जीवित होने का महत्वपूर्ण संकेत है। लगातार सक्रिय वर्षा से जहां भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं कुछ इलाकों में भारी बारिश, जलभराव और बाढ़ जैसी स्थितियां भी बन सकती हैं। ऐसे में मौसम विभाग ने लोगों को स्थानीय मौसम बुलेटिन और प्रशासन की सलाह का पालन करने की अपील की है।