लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
ऋचा बर्नवाल
गुवाहाटी: असम के गुवाहाटी स्थित कामाख्या मंदिर में चल रहे अंबुबाची मेले के तीसरे दिन बुधवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। देश के विभिन्न राज्यों से आए लाखों श्रद्धालु, साधु-संत और तांत्रिक साधक नीलाचल पहाड़ी पर पहुंचकर मां कामाख्या की आराधना में जुटे रहे। प्रशासन के अनुसार मेले में इस वर्ष 8 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।
अंबुबाची मेला 22 जून से शुरू हुआ था और 26 जून तक चलेगा। यह पर्व मां कामाख्या के वार्षिक ऋतु काल का प्रतीक माना जाता है। परंपरा के अनुसार मंदिर के गर्भगृह के कपाट तीन दिनों तक बंद रहते हैं और इस दौरान नियमित दर्शन नहीं होते। श्रद्धालु मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना और साधना करते हैं।
मेले के तीसरे दिन भी मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में भक्तों की लंबी कतारें लगी रहीं। भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने श्रद्धालुओं की आवाजाही को चरणबद्ध तरीके से नियंत्रित किया। सुरक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और आवास की विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
अंबुबाची मेला पूर्वोत्तर भारत के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक माना जाता है। यह केवल आस्था का केंद्र नहीं बल्कि तांत्रिक परंपरा और शक्ति उपासना का भी महत्वपूर्ण पर्व है। देश-विदेश से आए साधक इस दौरान विशेष साधना और अनुष्ठान करते हैं।
मंदिर के कपाट 26 जून को विशेष धार्मिक अनुष्ठानों के बाद श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे। इसके बाद भक्तों को मां कामाख्या का दर्शन और पवित्र प्रसाद प्राप्त होगा।