लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
शालू कुमारी
चीन की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनी DeepSeek ने कस्टम AI चिप विकसित करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। यह चिप खासतौर पर AI इंफरेंस वर्कलोड के लिए डिजाइन की जा रही है, ताकि विदेशी सेमीकंडक्टर तकनीक पर निर्भरता कम की जा सके।
AI इंफरेंस वह प्रक्रिया है जिसमें पहले से प्रशिक्षित मॉडल यूजर के इनपुट को प्रोसेस कर जवाब, तस्वीरें या अनुमान तैयार करता है। वहीं AI ट्रेनिंग में बड़े डेटा और ज्यादा कंप्यूटिंग क्षमता की जरूरत होती है, जिसके लिए अधिक शक्तिशाली हार्डवेयर की आवश्यकता पड़ती है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, DeepSeek का चिप प्रोजेक्ट जुलाई 2025 के आसपास शुरू हुआ था और 2026 में अभी शुरुआती चरण में था। कंपनी चिप डिजाइन इंजीनियरों की भर्ती कर रही है और सेमीकंडक्टर फाउंड्री तथा मेमोरी कंपनियों के साथ उत्पादन को लेकर चर्चा कर रही है।
चीन की प्रमुख चिप निर्माण कंपनी Semiconductor Manufacturing International Corporation (SMIC) इस क्षेत्र में अहम भूमिका निभा रही है। SMIC को चीन की सबसे बड़ी सेमीकंडक्टर फाउंड्री माना जाता है और यह 7-नैनोमीटर प्रोसेस तकनीक से जुड़ी उत्पादन क्षमता के लिए जानी जाती है।
DeepSeek के नए AI मॉडल्स को चीन में बने प्रोसेसर और घरेलू सिलिकॉन तकनीक के साथ बेहतर तरीके से काम करने के लिए अनुकूलित किया गया है। चीन में AI हार्डवेयर इकोसिस्टम को मजबूत करने की कोशिशों के बीच यह कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अमेरिका और नीदरलैंड्स के निर्यात प्रतिबंधों के कारण चीन में हाई-एंड AI चिप्स और एडवांस सेमीकंडक्टर उपकरणों की उपलब्धता प्रभावित हुई है। ऐसे में घरेलू AI चिप विकास को चीन की तकनीकी आत्मनिर्भरता की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।