केजरीवाल और सिसोदिया को करना चाहिए हिंसा प्रभावित इलाकों का दौरा : दिल्ली HC दिल्ली हिंसा पर बोले पीएम मोदी : जल्द से जल्द हो शांति बहाल कपिल मिश्रा का वीडियो चलवा दिल्ली हिंसा पर हाईकोर्ट के जजों ने की सुनवाई अफवाहों पर ध्यान न दें लोग, दिल्ली मौजपुर हिंसा में अब तक 11 FIR दर्ज : दिल्ली पुलिस दिल्ली हिंसा पर बोले ट्रंप : भारत का अपना मामला इससे खुद ही निपटे दिल्ली हिंसा में 130 से ज्यादा अस्पताल में भर्ती, 9 की मौत दिल्ली के उत्तर पूर्वी जिले में जारी हिंसा में मरने वालों की संख्या बढ़ सकती है अभी तक 15 से लोगो को लगी गोली बीजिंग की हवा में बड़ा सुधार, भारत मे सबसे ज्यादा प्रदूषित शहर : रिपोर्ट स्वाइन फ्लू की चपेट में सुप्रीम कोर्ट के 6 न्यायाधीश, मास्क पहनकर कोर्ट पहुंचे जस्टिस संजीव खन्ना LIVE : केजरीवाल भी पहुंचे गृह मंत्रालय, दिल्ली हिंसा पर हाईलेवल मीटिंग शुरू CAA : कई मेट्रो स्टेशन बंद, उत्तर-पूर्वी दिल्ली हिंसा में हेड कॉन्स्टेबल की मौत पत्नी संग आगरा ताज महल पहुंचे ट्रंप कहा वाह ताज साबरमती आश्रम पहुच विजिटर बुक मे ट्रंप ने लिखा 'थैंक्यू फ्रेंड मोदी' अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत की धरती पर रखा कदम ट्रम्प का भारत दौरा / मेलानिया दिल्ली के स्कूल में बच्चों से मिलेंगी, कार्यक्रम से केजरीवाल और सिसोदिया का नाम हटा भारत अमेरिका को व्यापार मे पाहुचा रहा है बड़ी चोट : डोनाल्ड ट्रम्प वायरल वीडियो में देखें उसका दर्द, नौ साल का बच्चा क्यों मरना चाहता है यूनिवर्सिटी से 93 की उम्र में मास्टर डिग्री ले सबसे उम्रदराज छात्र बने सीबीएसई स्कूलों के बच्चों ने ‘नो बैग डे’ को बताया ‘राइट चॉइस’ अब राम जी जुड़े स्थलों की यात्रा कराएगी 'श्री राम एक्सप्रेस'

भारत के एक छोर पर पानी की एक बूँद के लिए तरस रहे है लोग तो वहीँ दुसरे छोर पर बाढ़ का कहर

Shweta Chauhan 19-07-2019 16:32:22



एएनआइ : मौसम की बारिश लोगों को पल-पल का इंतजार करा रही है। बादल आते हैं और मुंह चिढ़ाकर वापस चले जाते हैं। उमस परेशान कर रही है।

मौसम की भविष्यवाणी करने वाली निजी एजेंसी स्काईमेट का कहना है कि जुलाई में भले ही मानसून ने थोड़ी सी रफ्तार पकड़ ली है, लेकिन अल-नीनो का प्रभाव व्यापक स्तर पर पड़ने वाला है। भारत में मानसून कम होने की प्राकृतिक घटना को अल-नीनो कहा जाता है। लिहाजा, बुधवार को खत्म हुए पूरे एक हफ्ते में पूरे देश में औसत से 20 फीसद कम बारिश हुई है। इसके चलते देश के मध्य, पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में फसलों की उपज को लेकर चिंता गहराने लगी है।

भारत में मानसून शुरू होने की तारीख एक जून से अब तक कुल मिलाकर औसत से 16 फीसद कम बरसात हुई है। देश के आर्थिक विकास और खेतीबाड़ी के लिए मानसूनी बारिश बेहद जरूरी है। 55 फीसद कृषि योग्य भूमि में सिंचाई इसी बरसात पर आश्रित है। भारत में अमूमन हर वर्ष 75 फीसद बरसात जून से सितंबर के बीच इसी मानसून में होती है। मौजूदा समय में कर्नाटक, केरल, उत्तर प्रदेश, असम और उत्तराखंड जैसे राज्यों में अच्छी बारिश हो रही है।

भारतीय मौसम विभाग (आइएमडी) के अनुसार 17 जुलाई के इस हफ्ते में देश के मध्य भाग में कपास और सोयाबीन की उपज वाले इलाकों में औसत से 68 फीसद कम बरसात हुई है, जबकि दक्षिण में रबर और चाय के इलाकों में 71 फीसद कम बरसात हुई है। पश्चिम में गन्ना और मूंगफली के इलाकों में भी औसत से कम बरसात हुई है। आइएमडी के हिसाब से औसत या सामान्य बरसात को 96 फीसद और 104 फीसद के बीच माना जाता है। यह आंकड़ा चार महीने के इस मौसम में औसत बरसात का पैमाना पचास साल की औसत 89 सेंटीमीटर बारिश मानी जाती है। जून-जुलाई से लेकर अक्टूबर के बीच भारतीय किसान धान, मक्का, कपास, सोयाबीन और मूंगफली आदि की खेती करते हैं।

असम में बाढ़ से अब तक 30 मरे 

इस छिटपुट बारिश के बावजूद कई पूर्वी और पूर्वोत्तर इलाके बाढ़ की चपेट में हैं। असम में मानसूनी बारिश के चलते पिछले दो हफ्तों में कम से कम 58 लाख लोग बेघर हो गए हैं। पिछले 24 घंटों में असम के अलग-अलग इलाकों से 10 और शव मिलने के बाद मरनेवालों की संख्या बढ़कर तीस हो गई है। इस समय असम और बिहार राज्य बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित हैं।

उस्मानाबाद में पानी की भारी किल्लत

महाराष्ट्र के उस्मानाबाद जिले के 700 से अधिक गांवों में करीब 550 गांव पानी की भारी किल्लत से जूझ रहे हैं। महाराष्ट्र के इन इलाकों में पानी की भारी कमी हो गई है चूंकि यहां मानसून में बमुश्किल 15 फीसद बरसात हुई है। जिले के 225 जलाशयों में केवल 0.74 फीसद जलराशि बाकी रह गई है। मराठवाड़ा क्षेत्र के इन इलाकों में भूमिगत जल भी बहुत नीचे जा चुका है। यह बात स्थानीय किसानों और अन्य लोगों के लिए बेहद चिंता का विषय बना हुआ है। इन इलाकों में जलसंकट से बचने के लिए पानी के 234 टैंकरों का इंतजाम किया गया है।

Comments

Subscribe

Receive updates and latest news direct from our team. Simply enter your email below :