दिल्ली में मिल रहे सरकारी ई पास के फर्जी मामले क्या कोरोना को पता है उसे फ्लाइट में संक्रमण नहीं फैलाना? : SC अमेरिका ने 33 चाइनीज कंपनियों और संस्थाओं को ट्रेड ब्लैकलिस्ट कोरोना राहत : दिल्ली के आधे से ज्यादा कोरोना रेड जोन बने ओरेंग जोन प्रवासी मजदूरों के लिए गृह मंत्रालय का आदेश अगले 10 दिनों के लिए 2600 श्रमिक स्पेशल ट्रेनें दिल्ली-एनसीआर में पड़ रही भीषण गर्मी अभी तक 45 लाख श्रमिकों को घरों तक पहुंचाया गया उनके घर : रेलवे बोर्ड संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष योगी आदित्यनाथ का जन्मदिन बड़ी धूमधाम से बनाएगा विश्व हिंदू महासंघ संगठन-पारस जैन राहुल की विडियो पर मायावती का तंज़ , कहा- मजदूरों की दुर्दशा के लिए कांग्रेस कसूरवार दिल्ली मे तेजी से बड़ रही कोरोना की गति, आंकड़ा 13 हजार के पास सरकार की योजनाओं का हर प्लेटफार्म से होगा प्रचार: नवीन गोयल 25 मई से शुरू होने जा रहे विमान सेवाओं को लेकर सबसे बड़ा सवाल स्वयंभू धर्मगुरु दाती महाराज एक बार फिर सुर्खियों, लॉकडाउन मे करी शनि मंदिर मे पूजा गोवा हुआ कोरोना फ्री राज्य : राज्यपाल सत्यपाल मलिक यूपी के अमरोहा से ताल्लुकात रखता है कराची विमान हादसे मे बचा एक शख्स महाराष्ट्र को कोरोना राहत, मृत्यु दर 4.76% से गिरकर हुई 3.49% PPE किट पहनकर बाल काट रहे सूरत के यूनिसेक्स सैलून बार्बर महाचक्रवात अम्फान की वजह से पश्चिम बंगाल को दोहरा झटका भारत में कोरोना वायरस के मामलों में रिकॉर्ड तोड़ उछाल चीन की कोविड-19 वैक्सीन? चीन ने शुरू किया कोरोना वैक्सीन का पहला ट्रायल

कोरोनावायरस का असर / कोरोना को लेकर सुप्रीम कोर्ट नहीं रहेगा स्थायी रूप से बंद

सीजेआई ने बार काउंसिल से अपील की कि विशेषज्ञों ने जो सुरक्षा उपाय बताए हैं, उनका पूरा पालन किया जाए। इसके बाद सोमवार सबुह सुप्रीम कोर्ट के बाहर थर्मल स्क्रीनिंग कराने के लिए लोगों की लंबी कतारें देखी गईं।

Deepak Chauhan 16-03-2020 15:55:00



सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस एसए बोबडे ने कहा है कि देश में बढ़ते कोरोनावायरस के संकट के चलते अदालतों को पूरी तरह से शटडाउन नहीं किया जा सकता है। वर्चुअल अदालतें जल्द ही शुरू होनी हैं। ऐसे में मौजूदा समय में केवल सीमित शटडाउन ही होगा। हालांकि, सीजेआई ने बार काउंसिल से अपील की कि विशेषज्ञों ने जो सुरक्षा उपाय बताए हैं, उनका पूरा पालन किया जाए। इसके बाद सोमवार सबुह सुप्रीम कोर्ट के बाहर थर्मल स्क्रीनिंग कराने के लिए लोगों की लंबी कतारें देखी गईं।

जस्टिस डीवाय चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि वर्चुअल कोर्ट शुरू होनी हैं। लेकिन निचली अदालतों में यह काम कठिन है, क्योंकि वहां चुनौतियां अलग हैं। हमारा मानना है कि कोर्ट ऐसी जगह न बने, जहां से संक्रमण फैले। चीफ जस्टिस लगातार इस मुद्दे पर सभी हाईकोर्ट के संपर्क में हैं। हमने शुरुआती कदम उठाए हैं। अगला फैसला डिजिटल और वर्चुअल कोर्ट पर लिया जा सकता है।


कैदियों के लिए जेलों में इंतजाम पर 20 मार्च तक जवाब मांगा

शीर्ष अदालत ने कोरोना संकट के मद्देनजर जेलों में कैदियों के लिए इंतजामों पर स्वत: संज्ञान लिया। सभी राज्यों के मुख्य सचिव और जेल महानिदेशकों से 20 मार्च तक जवाब मांगा। कोर्ट ने कहा कि कुछ राज्यों ने कोरोनावायरस के खतरे को देखते हुए उपाय किए, लेकिन अब भी कई राज्यों ने उचित फैसले नहीं लिए हैं। जेले में क्षमता से अधिक कैदियों को रखने पर कहा- एक जगह भीड़ जुटना बड़ी समस्या है। यह संक्रमण फैलने का केंद्र बनेगा। इसके लिए गाइडलाइन जारी करनी की जरूरत है।

Comments

Subscribe

Receive updates and latest news direct from our team. Simply enter your email below :