लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
ऋचा बर्नवाल
भारत के स्वदेशी फाइटर जेट प्रोजेक्ट AMCA को लेकर इंजन सौदे में अड़चन सामने आई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिकी कंपनी GE एयरोस्पेस के F414 इंजन की लागत तीन गुना बढ़कर मौजूदा कीमत करीब 24 मिलियन डॉलर (लगभग 200 करोड़ रुपये) प्रति इंजन हो गई है, जिसके बाद रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) अब वैकल्पिक इंजन विकल्पों की तलाश कर रहा है।
AMCA के शुरुआती संस्करण के लिए GE F414 इंजन को चुना गया था। यह इंजन भारत के भविष्य के लड़ाकू विमानों जैसे तेजस Mk-2 और अन्य प्लेटफॉर्म्स के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
रिपोर्ट के अनुसार, GE के साथ बातचीत में कीमत, तकनीक हस्तांतरण और भारत में निर्माण व्यवस्था जैसे मुद्दे अहम बने हुए हैं। पहले अनुमानित लागत की तुलना में नई कीमतों ने रक्षा अधिकारियों के सामने चुनौती खड़ी कर दी है।
इसी बीच भारत AMCA के लिए अन्य वैश्विक कंपनियों के प्रस्तावों पर भी नजर रख रहा है। ब्रिटेन की रोल्स-रॉयस और फ्रांस की सफ्रान जैसी कंपनियां भी भविष्य के फाइटर इंजन विकास में साझेदारी की पेशकश कर रही हैं।
AMCA भारत का पांचवीं पीढ़ी का स्टील्थ फाइटर विमान कार्यक्रम है, जिसका उद्देश्य देश की रक्षा क्षमता को मजबूत करना और अत्याधुनिक लड़ाकू विमानों के लिए विदेशी निर्भरता कम करना है। इंजन चयन इस पूरे प्रोजेक्ट का सबसे अहम हिस्सा माना जा रहा है।