गुरप्रीत कालरा
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
समीर पॉल कपूर, जो दक्षिण एवं मध्य एशिया मामलों को देखने वाले अमेरिका के सहायक विदेश मंत्री हैं, 20 अप्रैल से 22 अप्रैल तक नेपाल के महत्वपूर्ण दौरे पर रहेंगे। बालेन्द्र शाह के नेतृत्व में नई सरकार के गठन के बाद नेपाल आने वाले वे अमेरिकी सरकार के सबसे वरिष्ठ अधिकारियों में शामिल होंगे।
आमतौर पर अमेरिकी विदेश मंत्री या अन्य वरिष्ठ अधिकारी भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश या दक्षिण एवं दक्षिण-पूर्व एशिया के अन्य देशों की यात्रा के दौरान ही काठमांडू आते रहे हैं, लेकिन इस बार समीर पॉल कपूर सीधे अमेरिका से उड़ान भरकर इस्तांबुल ट्रांजिट होते हुए काठमांडू पहुंचेंगे।
नेपाल के विदेश मंत्रालय के अनुसार, उनका सोमवार को आगमन और बुधवार को वापसी का कार्यक्रम है। काठमांडू प्रवास के दौरान वे नेपाल सरकार की आर्थिक प्राथमिकताओं पर वित्त मंत्री डॉ. स्वर्णिम वाग्ले के साथ चर्चा करेंगे। साथ ही मिलेनियम चैलेंज कॉर्पोरेशन (एमसीसी) के नेपाल कॉम्पैक्ट के शीघ्र कार्यान्वयन को लेकर भी अमेरिका की गहरी रुचि बनी हुई है।
विदेश मंत्रालय ने बताया कि सहायक विदेश मंत्री कपूर की मुलाकात वित्त मंत्री और विदेश मंत्री के अलावा अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से भी हो सकती है। बैठक के समय, एजेंडा और वार्ता के विषयों को लेकर विस्तृत कार्यक्रम तैयार किया जा रहा है।
गौरतलब है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने अक्टूबर 2025 में दक्षिण एवं मध्य एशिया मामलों के तत्कालीन सहायक विदेश मंत्री डोनाल्ड लू को पद से हटाया था। उनकी जगह सुरक्षा मामलों के विशेषज्ञ समीर पॉल कपूर को नियुक्त किया गया था।
नई दिल्ली में जन्मे समीर पॉल कपूर दक्षिण एशिया की जमीनी हकीकतों और क्षेत्रीय राजनीति की गहरी समझ रखते हैं। विदेश मंत्रालय में नियुक्ति से पहले वे अमेरिकी नौसेना के नेवी पोस्ट ग्रेजुएट स्कूल में प्रोफेसर थे, जहां वे सैन्य संचालन, तकनीकी नेतृत्व और युद्ध कौशल जैसे विषय पढ़ाते थे।
नेपाल में नई सरकार बनने के बाद किसी वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी का सीधे काठमांडू पहुंचना इस बात का संकेत माना जा रहा है कि वाशिंगटन की रणनीतिक प्राथमिकताओं में नेपाल का महत्व लगातार बढ़ रहा है।