लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
शालू कुमारी
टीवी इंडस्ट्री की वरिष्ठ अभिनेत्री जयति भाटिया ने अपने करियर के शुरुआती दिनों को याद करते हुए शूटिंग सेट्स की खराब व्यवस्थाओं पर खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि उस दौर में महिलाओं के लिए बुनियादी सुविधाओं, खासकर साफ-सुथरे वॉशरूम, का गंभीर अभाव था। बाहर से ग्लैमरस दिखने वाली इंडस्ट्री के पीछे की यह सच्चाई उनके लिए काफी परेशान करने वाली थी।
एक इंटरव्यू में जयति भाटिया ने कहा कि उन्हें सेट पर जाने से पहले सबसे ज्यादा डर इस बात का रहता था कि यदि वॉशरूम जाना पड़ गया तो क्या होगा। उनके मुताबिक, सेट्स पर वॉशरूम अक्सर बेहद गंदे होते थे और उनकी साफ-सफाई का उचित ध्यान नहीं रखा जाता था। इस वजह से महिला कलाकारों को काफी असुविधा का सामना करना पड़ता था।
अभिनेत्री ने यह भी कहा कि उस समय प्रोडक्शन हाउस महिलाओं की जरूरतों को गंभीरता से नहीं लेते थे। उनका मानना है कि स्वच्छता और बुनियादी सुविधाएं हर कलाकार का अधिकार हैं, लेकिन उस दौर में इनके लिए कोई स्पष्ट व्यवस्था या नियम नहीं थे। उन्होंने समाज और इंडस्ट्री दोनों में बेहतर सिविक सेंस की जरूरत पर भी जोर दिया।
जयति भाटिया के अनुसार, साल 2008-09 में टीवी इंडस्ट्री में हुई बड़ी हड़ताल के बाद हालात में बदलाव आया। इसके बाद कलाकारों और तकनीशियनों के लिए बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने के नियम बनाए गए और आज पहले की तुलना में शूटिंग सेट्स पर साफ-सफाई तथा महिलाओं की सुविधाओं का अधिक ध्यान रखा जाता है।