गुरप्रीत कालरा
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
उत्तर प्रदेश की यूनिवर्सिटीज में जल्द ही परीक्षा प्रणाली पूरी तरह बदलने जा रही है। राज्य सरकार और शिक्षा विभाग AKTU (डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनिवर्सिटी) के मॉडल को लागू करने की तैयारी में हैं, जिससे एग्जाम सिस्टम हाई-टेक और पारदर्शी बनेगा।
सबसे बड़ा बदलाव ऑनलाइन प्रश्नपत्र सिस्टम में होगा। अब पेपर पारंपरिक तरीके से भेजने के बजाय डिजिटल तरीके से सीधे परीक्षा केंद्रों पर भेजे जाएंगे और वहीं प्रिंट होंगे। इससे पेपर लीक और देरी की समस्या कम होगी।
कॉपी चेकिंग भी होगी डिजिटल
नई व्यवस्था में उत्तर पुस्तिकाओं की जांच ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर होगी। परीक्षक अलग-अलग सेंटर से ही डिजिटल कॉपियां जांच सकेंगे, जिससे रिजल्ट जल्दी आएंगे और पारदर्शिता बढ़ेगी।
सुरक्षा के लिए हाई-टेक सिस्टम
- उत्तर पुस्तिकाओं पर QR कोड और बारकोड
- CCTV कैमरों की निगरानी
- बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम
इन उपायों से नकल और गड़बड़ी पर लगाम लगेगी।
रिजल्ट जल्दी आएंगे
AKTU मॉडल में “पैरलल इवैल्यूएशन” सिस्टम भी शामिल है, जिसमें परीक्षा के साथ-साथ कॉपी जांच शुरू हो जाती है। इससे 30 दिन के भीतर रिजल्ट जारी करना संभव होगा।
AI का भी इस्तेमाल
भविष्य में प्रश्नपत्र बनाने और कॉपी जांच में AI तकनीक का उपयोग किया जा सकता है, जिससे सिस्टम और स्मार्ट बनेगा।
क्या बदलेगा छात्रों के लिए?
- पेपर लीक और गड़बड़ी में कमी
- जल्दी रिजल्ट
- ज्यादा पारदर्शी परीक्षा
- टेक्नोलॉजी आधारित एग्जाम अनुभव
कुल मिलाकर, यूपी की यूनिवर्सिटीज में यह बदलाव शिक्षा व्यवस्था को डिजिटल, तेज और भरोसेमंद बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।