गुरप्रीत कालरा
लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
राजस्थान में गर्मी अब अपने चरम की ओर बढ़ रही है। प्रदेश के अधिकांश जिलों में तापमान लगातार बढ़ रहा है और लू जैसे हालात बनने लगे हैं। मंगलवार को चित्तौड़गढ़ राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, बाड़मेर में सबसे गर्म रात रही, जहां न्यूनतम तापमान 29.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश के 10 से अधिक जिलों में दिन का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे ऊपर पहुंच चुका है। अगले 4 से 5 दिनों तक मौसम शुष्क बने रहने और तापमान में 2 डिग्री तक और बढ़ोतरी की संभावना जताई गई है। इसी के साथ 23 से 25 अप्रैल के बीच सात जिलों में हीटवेव यानी लू चलने का अलर्ट जारी किया गया है।
भीषण गर्मी के बीच जोधपुर से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जहां चौपासनी हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में एक कॉलेज बस में अचानक आग लग गई। बताया जा रहा है कि अत्यधिक तापमान के कारण यह हादसा हुआ। हालांकि राहत की बात यह रही कि कुछ ही मिनटों में आग पर काबू पा लिया गया और कोई जनहानि नहीं हुई।
राजधानी जयपुर में भी गर्मी के तेवर तीखे बने हुए हैं। यहां अधिकतम तापमान 39.7 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दोपहर की तेज धूप से आमजन के साथ स्कूली बच्चे भी परेशान नजर आए।
अजमेर में तापमान 38 डिग्री के आसपास बना हुआ है और आने वाले दिनों में इसके 40 डिग्री तक पहुंचने की संभावना है। तेज धूप के चलते दोपहर में बाजारों में आवाजाही कम रही।
कोटा में दिन के साथ-साथ रात में भी गर्मी बढ़ गई है। यहां दिन का तापमान 41.4 डिग्री और रात का तापमान 28.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने यहां दिन और रात दोनों तापमान में और बढ़ोतरी के संकेत दिए हैं।
उदयपुर में अधिकतम तापमान 38.9 डिग्री मापा गया, जबकि सीकर में तापमान 40 डिग्री तक पहुंच गया। अलवर में 39.8 डिग्री तापमान दर्ज हुआ, लेकिन गर्म हवाओं के कारण गर्मी का असर और अधिक महसूस किया गया।
मौसम विभाग ने जोधपुर संभाग के जिलों में 22 और 23 अप्रैल को 20 से 30 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चलने की संभावना भी जताई है। वहीं प्रदेश के कई हिस्सों में लू का असर और तेज हो सकता है।
तेज गर्मी के कारण दोपहर के समय बाजारों और सड़कों पर आवाजाही कम हो गई है। लोग धूप से बचने के लिए छाते, सिर पर कपड़ा और पानी का सहारा ले रहे हैं। कई स्थानों पर सामाजिक संस्थाओं द्वारा राहगीरों के लिए पानी और कूलर की व्यवस्था भी की जा रही है।
मौसम विशेषज्ञों ने लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचने, अधिक पानी पीने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।