लोकल न्यूज़ ऑफ़ इंडिया
मुस्कान
इंस्टाग्राम पर बाल यौन शोषण सामग्री (CSAM) से जुड़े कथित विज्ञापनों की रिपोर्ट सामने आने के बाद इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने सख्त रुख अपनाया है। मंत्रालय इस मामले में Meta के अधिकारियों को तलब कर स्पष्टीकरण मांगेगा और यह जानना चाहेगा कि ऐसी सामग्री प्लेटफॉर्म पर कैसे दिखाई गई।
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इंस्टाग्राम पर दो दर्जन से अधिक ऐसे विज्ञापन दिखाई दिए जो कथित रूप से बाल यौन शोषण सामग्री से जुड़े थे और जिनमें उपयोगकर्ताओं को टेलीग्राम चैनलों के लिंक के माध्यम से जोड़ा जा रहा था। इस खुलासे के बाद ऑनलाइन सुरक्षा और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं।
सूत्रों के अनुसार, आईटी मंत्रालय Meta से इस मामले में विस्तृत रिपोर्ट मांगेगा और यह भी पूछेगा कि ऐसी सामग्री को रोकने तथा भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं।
सरकार ने पहले भी सोशल मीडिया कंपनियों को अवैध और हानिकारक सामग्री पर त्वरित कार्रवाई करने तथा भारतीय कानूनों और आईटी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। माना जा रहा है कि इस मामले में भी मंत्रालय सख्त जवाबदेही तय करने की दिशा में कदम उठाएगा।