एल एन आई न्यूज़ एजेंसी ,
प्रतापगढ़ , 8 जून :राष्ट्रीय जैन संत आचार्य पुलक सागर का प्रतापगढ़ में भव्य स्वागत के साथ आगमन हुआ | 14 वर्ष बाद प्रतापगढ़ आगमन को लेकर जैन समाज के साथ साथ सभी श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला | आचार्य पुलक सागर ओजस्वी प्रवचनों और आध्यात्मिक संदेशों के धनी और देशभर में विख्यात राष्ट्रीय जैन संत है | आचार्य पुलक सागर का मंगल प्रवेश जैन बोर्डिंग से प्रारम्भ हुआ , जहाँ से विशाल चल समारोह निकाला गया | समारोह में बड़ी संख्या में युवा , महिलाएं , और समाजजन शामिल हुए | बैंड-बाजों, ढोल-नगाड़ों और जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने उनका स्वागत किया। श्रद्धालु भक्ति भाव से नृत्य करते हुए आचार्य के साथ शहर के प्रमुख मार्गों से होकर जूना मंदिर परिसर तक पहुंचे।
मार्ग में विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं ने आचार्य की आरती उतारी तथा पाद प्रक्षालन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। आचार्य के स्वागत के लिए शहर के मुख्य मार्गों को आकर्षक तोरण द्वारों से सजाया गया | पूरे मार्ग पर आध्यात्मिक और उत्सवी माहौल बना रहा।
आचार्य के जूना मंदिर परिषर पहुंचने पर धर्मसभा का आयोजन हुआ, जिसमें आचार्य पुलक सागर ने धर्म, संस्कार और मानव जीवन के मूल्यों पर अपने विचार व्यक्त किए। आचार्य के प्रतापगढ़ आगमन को जैन समाज ने ऐतिहासिक एवं गौरवपूर्ण क्षण बताया। श्रद्धालुओं में पूरे दिन उत्साह और श्रद्धा का वातावरण बना रहा।